सच्ची है तू सच्चा तेरा दरबार माता रानिए... कर दे दया की नज़र इक बार माता रानिए... ओ माता रानिये जय जय माता रानिये क्या गम है कैसी उलझन जब सर पे तेरा हाथ है, हर दुःख में हर संकट में माता तू हमारे साथ है तू प्यारी माँ और जग तेरा परिवार माता रानिए ओ माता रानिये जय जय माता रानिये ... इक दो नहीं लाखो यहाँ आये बना कर टोलिया, अपनी जुबा खोले बिना भर कर गए हैं झोलिया हरसुख मिलता है करके तेरा दीदार माता रानिए ओ माता रानिये जय जय माता रानिये ... तेरी दया की बूँद भी ममता का एक सागर बने, पत्थर कई हीरे है माँ दर को तेरे छू कर बने जन जन पे माँ है तेरा बड़ा उपकार माता रानिए ओ माता रानिये जय जय माता रानिये ... तू प्रेम की ज्योति जला हर दिल से नफरत को मिटा रूठे हुए बिछड़े हुए भाई से भाई को मिला युग युग तेरी पूजा करे संसार माता रानिए ओ माता रानिये जय जय माता रानिये ...
सच्ची है तू सच्चा तेरा दरबार माता रानिए भजन लिरिक्स
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